इंदौर के होलकर स्टेडियम में आगामी 11 अक्टूबर को भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जाने वाले टी-20 (T20) मुकाबले को लेकर क्रिकेट प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स पर टिकट बुकिंग के स्लॉट ‘हाउसफुल’ होते ही साइबर ठगों की नजर फैंस के जुनून पर टिक गई है। टिकटों की भारी मांग का फायदा उठाकर ठगी की साजिश रच रहे साइबर अपराधियों से निपटने के लिए इंदौर क्राइम ब्रांच पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई है और एडवाइजरी जारी की है।

फर्जी वेबसाइट्स और लिंक से रहें सावधान
इंदौर क्राइम ब्रांच के अधिकारियों के मुताबिक, सोशल मीडिया, व्हाट्सएप और टेलीग्राम जैसे मैसेजिंग ऐप्स पर ब्लैक या डिस्काउंट में मैच टिकट दिलाने का दावा करने वाले साइबर ठगों का गिरोह सक्रिय हो गया है:
- फर्जी बुकिंग लिंक: ठगों द्वारा अधिकृत वेबसाइट्स जैसी दिखने वाली फर्जी साइट्स और लिंक्स तैयार किए गए हैं।
- सस्ते टिकट का झांसा: आधिकारिक बुकिंग फुल होने का फायदा उठाकर ठग क्रिकेट प्रेमियों को कम दाम या कंफर्म वीआईपी पास का लालच देकर ऑनलाइन पेमेंट करवा लेते हैं।
- पैसे ऐंठने के बाद गायब: ऑनलाइन भुगतान लेते ही या तो फर्जी/डुप्लिकेट क्यूआर कोड वाले टिकट थमा दिए जाते हैं या फिर ठग संपर्क काट लेते हैं।
बैंकिंग डिटेल्स, कार्ड नंबर और OTP न करें शेयर
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि साइबर अपराधी केवल टिकट के पैसों की ठगी ही नहीं कर रहे, बल्कि संदिग्ध लिंक्स (Phishing Links) के जरिए लोगों के खातों से मोटी रकम साफ करने की फिराक में भी हैं।
- निजी जानकारी सुरक्षित रखें: किसी भी अनजान वेबसाइट या फॉर्म पर अपना नाम, आधार/कार्ड डिटेल, यूपीआई पिन (UPI PIN) या ओटीपी शेयर न करें।
- पिछले मैचों का अनुभव: क्राइम ब्रांच ने बताया कि पूर्व में हुए अंतरराष्ट्रीय मैचों के दौरान भी टिकट का झांसा देकर कई लोगों से लाखों रुपये ऐंठे गए थे, जिसे देखते हुए इस बार पहले से ही एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं।
क्राइम ब्रांच की फैंस से खास अपील
एडिशनल डीसीपी (क्राइम ब्रांच) राजेश दंडोतिया का बयान:
“मैच टिकट केवल अधिकृत और आधिकारिक प्लेटफॉर्म (Official Ticketing Partners) से ही खरीदें। सोशल मीडिया या व्हाट्सएप पर किसी अनजान व्यक्ति द्वारा दिए जा रहे टिकट के लुभावने ऑफर या पेमेंट लिंक पर बिल्कुल भरोसा न करें। क्रिकेट का रोमांच आपकी जेब पर भारी न पड़े, इसलिए किसी भी लेन-देन से पहले सत्यापन जरूर करें। साइबर फ्रॉड होने पर तुरंत 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।”
प्रांशु विश्वकर्मा मध्य प्रदेश के सतना जिले के युवा ग्राफिक डिजाइनर, वीडियो एडिटर, कंटेंट राइटर हैं। पिछले 4 वर्षों से वे क्षेत्रीय डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। बिजनेस, रोजगार, राजनीति, सामाजिक मुद्दों और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रभावशाली अंदाज़ में प्रस्तुत करने के साथ-साथ वे प्रोफेशनल न्यूज़ ग्राफिक्स, वीडियो एडिटिंग और सोशल मीडिया कंटेंट निर्माण में अपनी अलग पहचान बना चुके हैं। वे Satna Times, Udghosh Samay News, Prabha Superfast, state break News जैसे डिजिटल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म से जुड़े रहे हैं।
